Sehore Religious Conversion: सीहोर (Sehore) नगर पालिका ने सोमवार को धर्मांतरण (Religious Conversion) के आरोपी जब्बार खान (Jabbar Khan) के हाउसिंग बोर्ड स्थित मकान की ऊपरी मंजिल (Sehore Religious Conversion) को गिरा दिया। कार्रवाई सुबह 11 बजे शुरू हुई और तीन घंटे तक चली। नगर पालिका की जेसीबी और कर्मचारी हथौड़े चलाकर अवैध निर्माण को पूरी तरह से तोड़ने में जुटे रहे। इस दौरान भारी पुलिस बल भी तैनात था ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
नगर पालिका ने जब्बार खान को पहले एक दिन का नोटिस दिया था। इसके बाद मोहलत बढ़ाकर 15 दिन की गई, लेकिन दस्तावेज नहीं मिलने पर यह कार्रवाई की गई। जांच में यह बात सामने आई कि मकान की ऊपरी मंजिल बिना अनुमति (Without Permission) के बनाई गई थी, जो नगर निर्माण नियमों का उल्लंघन है।
जब्बार खान पर चल रही जांच और गिरफ्तारी
पिछले एक महीने से यह मामला चर्चा में बना हुआ है। जब्बार खान पर मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम 2021 (Madhya Pradesh Religious Freedom Act 2021) की धारा 3/5 के तहत धर्मांतरण (Sehore Religious Conversion) कराने का आरोप लगाया गया था। इस पर पुलिस ने केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसकी पत्नी ताहिरा खान (Tahira Khan) फिलहाल फरार है।
इस मामले में एक आरक्षक विरेंद्र अहिरवार (Virendra Ahirwar) भी लिप्त पाया गया, जिसे निलंबित कर विभागीय जांच (Departmental Investigation) शुरू कर दी गई है। जब नगर पालिका की कार्रवाई की जानकारी धार्मिक संगठनों के कार्यकर्ताओं को हुई, तो वे भी मौके पर पहुंचे और नगर पालिका की कार्रवाई की सराहना की।
नगर पालिका अध्यक्ष का बयान
नगर पालिका अध्यक्ष प्रिंस राठौर (Prince Rathore) ने स्पष्ट किया कि अवैध निर्माण (Illegal Construction) था इसलिए उसे गिराया गया। धर्मांतरण (Sehore Religious Conversion) जैसे गंभीर मामले के आरोपी जब्बार खान ने अपने मकान पर बिना अनुमति निर्माण करके नियमों का उल्लंघन किया था। परिवार द्वारा संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर नपा ने यह कदम उठाया।
